उत्तरापथ

भारत के प्राचीन ग्रन्थों में जम्बूद्वीप के उत्तरी भाग का नाम उत्तरापथ है। किन्तु पहले ‘उत्तरापथ’ उत्तरी राजपथ को कहते थे जो पूर्व में ताम्रलिप्तिका (तामलुक) से लेकर पश्चिम में तक्षशिला और उसके आगे मध्य एशिया के बल्ख तक जाता था और अत्यधिक महत्व वाला व्यापारिक मार्ग था। सन्दर्भ Pali definition of Uttarapatha (metta.lk) श्रेणियाँ:  प्राचीन भारत भारत का इतिहास प्राचीन भारत […]

उत्पल वंश

उत्पल वंश कश्मीर का राजकुल जिसने लगभग ८५५ ई. से लगभग ९३९ ई. तक राज किया। अंतिम करकोट राजा के हाथ से अवंतिवर्मन् ने शासन की बागडोर छीन उत्पल राजवंश का आरंभ किया। इस राजकुल के राजाओं में प्रधान अवंतिवर्मन् और शंकरवर्मन् थे। इस कुल के अंतिम राजा उन्मत्तावंती के अनौरस पुत्र सूरवर्मन द्वितीय ने केवल कुछ महीने राज किया। उत्पल राजकुल का अंत मंत्री […]

उम्मेद सिंह द्वितीय

उम्मेद सिंह द्वितीय (15 सितम्बर 1873 – 27 दिसम्बर 1940) कोटा रियासत के महाराजा थे जिन्होने १८८९ से १९४० तक शासन किया।। बाहरी कड़ियाँ महाराव उम्मेदसिंह द्वितीय ने कोर्ट की भाषा कराई थी हिन्दी

मीर उस्मान अली ख़ान

हिज़ एक्सल्टेट हाइनेज़ मीर उस्मान अली ख़ान निज़ाम उल मुल्क आसफ़ जाह सप्तम है राबाद के निज़ाम, सांसद शासनावधि निज़ाम: 1911–1948नाममात्र का निज़ाम: १९४८–1967 राज्याभिषेक 18 सितंबर 1911 पूर्ववर्ती महबूब अली खान, आसफ जाह षष्टम उत्तरवर्ती राजशाही समाप्त(दावेदार: मुकर्रम जाह) जन्म 6 अप्रैल 1886पुरानी हवेली, हैदराबाद, हैदराबाद राज्य(अब तेलंगाना, भारत) निधन 24 फ़रवरी 1967 (आयु 80 वर्ष)किंग कोठी पैलेस, हैदराबाद, हैदराबाद राज्य, भारत(अब तेलंगाना, भारत) […]

उच

उच शरीफ़Uch Sharifاچ شریف‎ उचपाकिस्तान में स्थिति सूचना प्रांत व देश: पंजाब प्रान्त, पाकिस्तान जनसंख्या (-): – मुख्य भाषा(एँ): सराइकी, पंजाबी निर्देशांक: 29°14′N 71°04′E ऊच में सय्यद मख़दूम जहानियाँ ‘जहानगश्त’ बुख़ारी का मक़बरा उच या उच शरीफ़ (उर्दू: اچ شریف‎, अंग्रेज़ी: Uch Sharif) पाकिस्तान के पंजाब प्रान्त के दक्षिण में बहावलपुर ज़िले में स्थित एक ऐतिहासिक शहर है। इतिहास इस क्षेत्र में कम-से-कम ५०० ईसापूर्व से हिन्दुओं की बस्तियाँ थी। […]

इल्बर्ट विधेयक

‘इल्बर्ट विधेयक 9 फरवरी 1883 से समस्त देश में एक ही फौजदारी कानून लागू कर दिया गया था और प्रत्येक प्रांत में उच्च न्यायालय स्थापित कर दिए गए थे । उससे पूर्व देश में दो प्रकार के कानून चलते थे । प्रेसिडेंसी नगरों में अंग्रेजी कानून और ग्रामीण प्रदेशों में मुगल कानून । उस समय ऐसा […]

इत्सिंग

इत्सिंग का यात्रा-पथ इत्सिंग एक चीनी यात्री एवं बौद्ध भिक्षु था, जो ६७१-६९५ ई. में भारत आया था। वह ६७५ ई में सुमात्रा के रास्ते समुद्री मार्ग से भारत आया था और 10 वर्षों तक ‘नालन्दा विश्वविद्यालय‘ में रहा था। उसने वहाँ के प्रसिद्ध आचार्यों से संस्कृत तथा बौद्ध धर्म के ग्रन्थों को पढ़ा। 691 ई. में इत्सिंग ने अपना प्रसिद्ध ग्रन्थ ‘भारत तथा मलय द्वीपपुंज […]

असम का इतिहास

असम का इतिहास भारतीय आर्य, तिब्बता-बर्मी और ऑस्ट्रो एशियाई संस्कृति के एक अच्छे मिश्रण की कहानी है।[1] प्राचीन काल प्राचीन भारतीय ग्रंथों में इस प्रदेश को प्रागज्योतिषपुर के नाम से जाना जाता था। पुराणों के अनुसार यह कामरूप राज्य की राजधानी था। महाभारत के अनुसार कृष्ण के पौत्र अनिरुद्ध ने यहां के उषा नाम की युवती पर मोहित होकर उसका अपहरण कर लिया था। हंलांकि यहां की दन्तकथाओं […]

इख्तियारुद्दीन मुहम्मद बिन बख्तियार खिलजी

इख्तियारुद्दीन मुहम्मद बिन बख्तियार खिलजी जिसे बख्तियार खिलजी भी कहते हैं, कुतुबुद्दीन एबक का एक सैन्य सिपहसालार था। सन्दर्भ श्रेणियाँ:  लेख जो जुलाई 2020 से स्रोतहीन हैं बंगाल का इतिहास भारत का इतिहास दिल्ली सल्तनत मध्यकालीन भारत बंगाल के शासक

एकी आन्दोलन

1917 ई. में भीलों व गरासियों ने मिलकर दमनकारी नीति व बेगार के विरुद्ध महाराणा को पत्र लिखा। इसका कोई परिणाम नहीं निकालता देखकर 1921 में बिजौलिया के किसान आन्दोलन से प्रभावित होकर भीलों ने पुनः महाराणा को शिकायत की। इन सभी अहिंसात्मक प्रयासों को जब कोई परिणाम नहीं निकला तो भोमट के खालसा क्षेत्र के भीलों ने लगाने व बेगार […]